अफ्रीका में भारत की कूटनीतिक सफलता, इथियोपिया से रणनीतिक गठजोड़

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प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की इथियोपिया यात्रा के दौरान भारत और इथियोपिया के द्विपक्षीय संबंधों को एक नई ऊंचाई मिली है। दोनों देशों ने आपसी सहयोग को और गहरा करते हुए रिश्तों को औपचारिक रूप से रणनीतिक साझेदारी के स्तर तक पहुंचाने का निर्णय लिया। राजधानी अदीस अबाबा में प्रधानमंत्री मोदी और इथियोपिया के प्रधानमंत्री एबी अहमद अली के बीच हुई व्यापक बातचीत में राजनीतिक, आर्थिक, सुरक्षा और विकास सहयोग से जुड़े विभिन्न पहलुओं पर सहमति बनी।

इस ऐतिहासिक अवसर पर भारत और इथियोपिया के बीच कुल आठ महत्वपूर्ण समझौतों (MoU) पर हस्ताक्षर किए गए। इन समझौतों का उद्देश्य व्यापार और निवेश को बढ़ावा देना, प्रशासनिक सहयोग को सुदृढ़ करना तथा तकनीकी और मानव संसाधन विकास को गति देना है। कस्टम्स मामलों में सहयोग से दोनों देशों के बीच व्यापार को आसान बनाने और पारगमन लागत घटाने पर जोर दिया गया है, जिससे भविष्य में द्विपक्षीय व्यापार को मजबूती मिलने की उम्मीद है।

रणनीतिक साझेदारी के तहत विकास और तकनीकी सहयोग को भी अहम स्थान दिया गया है। भारत इथियोपिया के विदेश मंत्रालय में डेटा सेंटर की स्थापना में सहयोग करेगा, जिससे डिजिटल ढांचे को मजबूत किया जा सकेगा। इसके अलावा, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) के क्षेत्र में प्रशिक्षण कार्यक्रम, अल्पकालिक कोर्स और क्षमता निर्माण की योजनाओं पर भी सहमति बनी है। शिक्षा के क्षेत्र में भारतीय सांस्कृतिक संबंध परिषद (ICCR) के तहत छात्रवृत्तियों के विस्तार का भी निर्णय लिया गया है।

स्वास्थ्य और मानवीय सहयोग भी इस साझेदारी का प्रमुख हिस्सा है। समझौतों के तहत मातृ एवं नवजात स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर बनाने के लिए सहयोग बढ़ाया जाएगा और महात्मा गांधी अस्पताल से जुड़ी स्वास्थ्य परियोजनाओं की क्षमता को मजबूत किया जाएगा। इसके साथ ही संयुक्त राष्ट्र शांति मिशनों के लिए पीसकीपिंग प्रशिक्षण में सहयोग को और प्रभावी बनाने पर भी सहमति बनी है।

आर्थिक मोर्चे पर भारत ने G20 के कॉमन फ्रेमवर्क के तहत इथियोपिया के ऋण पुनर्गठन प्रयासों को समर्थन देने का आश्वासन दिया है। यह कदम इथियोपिया की आर्थिक स्थिरता और विकास प्रयासों में भारत की सकारात्मक भूमिका को दर्शाता है। दोनों देशों ने यह भी स्पष्ट किया कि इन समझौतों को समयबद्ध और व्यावहारिक तरीके से लागू किया जाएगा ताकि इनका सीधा लाभ आम लोगों तक पहुंचे।

इस दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को इथियोपिया का सर्वोच्च नागरिक सम्मान ‘ग्रेट ऑनर निशान ऑफ इथियोपिया’ प्रदान किया गया, जिसे दोनों देशों के बीच मजबूत होते भरोसे और मित्रता का प्रतीक माना जा रहा है। कुल मिलाकर, यह यात्रा भारत और इथियोपिया के संबंधों में एक नया अध्याय जोड़ती है और अफ्रीका-भारत साझेदारी को दीर्घकालिक मजबूती देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम साबित होती है।

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