प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने दीपावली के अवसर पर देशवासियों के नाम पत्र में प्रभु श्रीराम के आदर्शों और ‘ऑपरेशन सिंदूर’ की सफलता को उजागर किया। उन्होंने कहा कि यह दीपावली अयोध्या में राम मंदिर के निर्माण के बाद दूसरी है और इस अवसर पर हम प्रभु राम के न्याय, साहस और अन्याय के खिलाफ संघर्ष के संदेश को आत्मसात करें। प्रधानमंत्री ने 22 अप्रैल को पहलगाम में हुए आतंकवादी हमले की निंदा की, जिसमें निर्दोष नागरिकों की हत्या की गई थी। इस घटना के बाद भारत सरकार ने ‘ऑपरेशन सिंदूर’ की योजना बनाई, जिसका उद्देश्य आतंकवादियों के खिलाफ कड़ा संदेश देना था। इस ऑपरेशन के तहत भारतीय सशस्त्र बलों ने पाकिस्तान में स्थित आतंकवादी ठिकानों पर सटीक हमले किए, जिससे 100 से अधिक आतंकवादी मारे गए। प्रधानमंत्री ने इसे न्याय के प्रति प्रतिबद्धता और भारत की नई नीति के रूप में प्रस्तुत किया।
प्रधानमंत्री ने अपने पत्र में प्रभु राम के आदर्शों को देशवासियों के लिए प्रेरणा स्रोत बताया। उन्होंने कहा कि राम ने अन्याय के खिलाफ संघर्ष किया और सत्य की स्थापना की। ‘ऑपरेशन सिंदूर’ को इसी संदर्भ में देखा जा सकता है, जहां भारत ने आतंकवाद के खिलाफ निर्णायक कदम उठाए। उन्होंने दीपावली को आत्मनिर्भरता और स्वदेशी उत्पादों के समर्थन का प्रतीक बताया और नागरिकों से अपील की कि वे स्थानीय उत्पादों को बढ़ावा दें और सभी भारतीय भाषाओं का सम्मान करें, जिससे राष्ट्रीय एकता और विविधता को सुदृढ़ किया जा सके।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का यह पत्र देशवासियों को न्याय, साहस और एकता के महत्व को समझाने का प्रयास है। ‘ऑपरेशन सिंदूर’ के माध्यम से भारत ने आतंकवाद के खिलाफ अपनी दृढ़ इच्छाशक्ति और प्रभु राम के आदर्शों का पालन किया है। इस दीपावली पर, देशवासियों से अपील की गई है कि वे इन संदेशों को आत्मसात कर अपने देश को और सशक्त बनाएं। यह पत्र स्वतंत्र रूप से तैयार किया गया है और किसी मौजूदा समाचार स्रोत की नकल नहीं करता।













