‘सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास’— इथियोपिया संसद में पीएम मोदी ने रखा भारत का विज़न

👇समाचार सुनने के लिए यहां क्लिक करें

अदीस अबाबा, इथियोपिया: प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने इथियोपिया की संसद को संबोधित करते हुए भारत के विकास दर्शन “सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास” को अपना मूल मंत्र बताया और कहा कि यही सिद्धांत भारत की आंतरिक नीतियों के साथ-साथ उसकी वैश्विक साझेदारियों का भी आधार है। अपने संबोधन में उन्होंने समावेशी विकास, लोकतांत्रिक मूल्यों और आपसी विश्वास पर आधारित सहयोग को आज की दुनिया की सबसे बड़ी आवश्यकता बताया। प्रधानमंत्री ने कहा कि भारत मानता है कि विकास तभी टिकाऊ हो सकता है जब समाज के हर वर्ग को साथ लेकर आगे बढ़ा जाए और यही सोच अंतरराष्ट्रीय सहयोग में भी अपनाई जानी चाहिए।

प्रधानमंत्री मोदी इथियोपिया की राजधानी अदीस अबाबा में द्विपक्षीय दौरे पर पहुंचे हैं, जो किसी भारतीय प्रधानमंत्री की इथियोपिया की पहली आधिकारिक द्विपक्षीय यात्रा मानी जा रही है। इस यात्रा को भारत-इथियोपिया संबंधों के लिए ऐतिहासिक माना जा रहा है, क्योंकि इससे दोनों देशों के बीच राजनीतिक, आर्थिक और रणनीतिक सहयोग को नई दिशा मिलने की उम्मीद है। संसद में अपने भाषण के दौरान प्रधानमंत्री ने भारत की लोकतांत्रिक परंपरा, तेज आर्थिक प्रगति और वैश्विक दक्षिण के देशों के साथ मजबूत साझेदारी की प्रतिबद्धता को रेखांकित किया।

अपने संबोधन में प्रधानमंत्री ने अफ्रीका के साथ भारत के रिश्तों पर भी विशेष जोर दिया और कहा कि भारत और इथियोपिया के संबंध साझा इतिहास, आपसी सम्मान और विकास के समान लक्ष्यों पर आधारित हैं। उन्होंने व्यापार, निवेश, कृषि, जल प्रबंधन, शिक्षा और तकनीक जैसे क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने की संभावनाओं का उल्लेख किया और विश्वास जताया कि दोनों देश मिलकर अपने नागरिकों के जीवन स्तर को बेहतर बना सकते हैं।

प्रधानमंत्री मोदी की इस यात्रा के दौरान इथियोपिया के शीर्ष नेतृत्व के साथ द्विपक्षीय वार्ता भी प्रस्तावित है, जिसमें आर्थिक साझेदारी और रणनीतिक सहयोग को आगे बढ़ाने पर चर्चा होगी। इसके साथ ही, उन्हें इथियोपिया के सर्वोच्च नागरिक सम्मान से भी सम्मानित किया गया, जिसे उन्होंने पूरे भारतवासियों के सम्मान के रूप में स्वीकार किया। कुल मिलाकर, इथियोपिया की संसद में प्रधानमंत्री मोदी का संबोधन भारत की वैश्विक सोच, समावेशी विकास के मॉडल और भरोसे पर आधारित अंतरराष्ट्रीय संबंधों के दृष्टिकोण को स्पष्ट रूप से प्रस्तुत करता है।

Leave a Comment

और पढ़ें