ईटानगर/गुवाहाटी: अरुणाचल प्रदेश में पिछले कुछ दिनों से हो रही मूसलाधार बारिश और बादल फटने की घटनाओं ने भारी तबाही मचा दी है। बादल फटने और भूस्खलन से नेशनल हाईवे-13 (NH-13) के कई हिस्से क्षतिग्रस्त हो गए हैं, जिससे यातायात पूरी तरह बाधित हो गया है। कई जिलों का सड़क संपर्क कट गया है और आसाम में भी डाउनस्ट्रीम इलाकों में बाढ़ का खतरा मंडरा रहा है।
घटना का विवरण
24 जून 2026 की सुबह केयी पन्योर (Keyi Panyor) जिले के याचुली (Yazali) क्षेत्र में बादल फटने जैसी स्थिति बनी, जिसमें भारी बारिश के कारण फ्लैश फ्लड आया। इस घटना में NEEPCO कॉलोनी सहित कई इलाकों में 18 से ज्यादा आवासीय क्वार्टर क्षतिग्रस्त हुए, घर बह गए और संपत्तियों को भारी नुकसान पहुंचा। एक व्यक्ति की मौत की पुष्टि हुई है जबकि 4 लोग लापता हैं। राहत और बचाव कार्य जारी है, जिसमें सेना, NDRF/SDRF की टीमें शामिल हैं।
NH-13 के होज-पोटिन (Hoj-Potin) खंड सहित कई जगहों पर सड़क बह गई या भूस्खलन से ब्लॉक हो गई है। इससे याचुली समेत आसपास के इलाकों का संपर्क कट गया है। पापुम पारे, पूर्वी सियांग, लेपाराडा और अन्य जिलों में भी भूस्खलन और बाढ़ की घटनाएं रिपोर्ट हुई हैं। कुछ रिपोर्टों में 7 जिलों के प्रभावित होने या कटने की बात कही गई है।
आसाम में हाई अलर्ट
अरुणाचल में ऊपरी क्षेत्रों से आई बाढ़ की लहर के कारण आसाम सरकार ने डेमाजी (Dhemaji), लखीमपुर (Lakhimpur), बिश्वनाथ (Biswanath), सोनितपुर (Sonitpur) समेत कई जिलों में हाई अलर्ट जारी किया है। ब्रह्मपुत्र नदी के जलस्तर में तेजी से वृद्धि होने की आशंका है। IMD के अनुसार, अगले कुछ दिनों में और भारी बारिश होने की संभावना है।
CM की निगरानी और राहत कार्य
अरुणाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री पema खांडू और आसाम के मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा स्थिति की लगातार निगरानी कर रहे हैं। प्रशासन ने लोगों से नदियों के किनारे न जाने, अनावश्यक यात्रा टालने और IMD/स्थानीय प्रशासन की चेतावनियों का पालन करने की अपील की है। रेस्टोरेशन कार्य तेजी से चल रहा है, लेकिन कुछ हिस्सों में इसमें एक सप्ताह से ज्यादा समय लग सकता है।
IMD ने अरुणाचल प्रदेश और आसाम-मेघालय क्षेत्र के लिए अगले 4-5 दिनों तक भारी से बहुत भारी बारिश का अलर्ट जारी रखा है, साथ में थंडरस्टॉर्म और स्क्वॉल की चेतावनी भी दी गई है।












