सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम में बड़ा बदलाव: न्यायमूर्ति पी.एस. नरसिम्हा बने नए सदस्य

👇समाचार सुनने के लिए यहां क्लिक करें

नई दिल्ली: सुप्रीम कोर्ट के कॉलेजियम सिस्टम में महत्वपूर्ण बदलाव हुआ है। न्यायमूर्ति जे.के. माहेश्वरी के सेवानिवृत्त होने के बाद न्यायमूर्ति पमिदिघनतम श्री नरसिम्हा (Justice P.S. Narasimha) अब पांच सदस्यीय कॉलेजियम के नए सदस्य बन गए हैं। वे पांचवें सबसे वरिष्ठ न्यायाधीश के रूप में 2 मई 2028 तक इस पद पर रहेंगे।

न्यायमूर्ति जे.के. माहेश्वरी 28 जून 2026 को सेवानिवृत्त हो गए। उनकी जगह लेते हुए न्यायमूर्ति नरसिम्हा अब मुख्य न्यायाधीश की अगुवाई वाले कॉलेजियम का हिस्सा बन गए हैं। यह बदलाव न्यायपालिका की स्वतंत्रता और जजों की नियुक्ति की प्रक्रिया को प्रभावित करेगा।

न्यायमूर्ति पी.एस. नरसिम्हा का संक्षिप्त परिचय:

  • जन्म: 3 मई 1963, हैदराबाद।
  • उन्होंने निजाम कॉलेज से अर्थशास्त्र, राजनीति विज्ञान और लोक प्रशासन में स्नातक किया।
  • बार से सीधे सुप्रीम कोर्ट के न्यायाधीश बने (31 अगस्त 2021) – यह दुर्लभ उपलब्धि है।
  • पहले एडिशनल सॉलिसिटर जनरल रहे और कई महत्वपूर्ण मामलों (जैसे NJAC केस) में कोर्ट की मदद की।
  • वे 2027 में भारत के मुख्य न्यायाधीश बनने की कतार में भी हैं।

यह बदलाव सुप्रीम कोर्ट में जजों की नियुक्ति, ट्रांसफर और अन्य प्रशासनिक फैसलों पर असर डालेगा। कॉलेजियम सिस्टम न्यायाधीशों की नियुक्ति के लिए जिम्मेदार है, जिसमें मुख्य न्यायाधीश और चार वरिष्ठतम न्यायाधीश शामिल होते हैं।

Leave a Comment

और पढ़ें